hi

 समाचार

News image

फोन पर मिलेगा आपदा का संदेश

नई दिल्ली। देश में एक ऐसा इंटीग्रेटेड अलर्ट सिस्टम तैयार किया गया है। जिससे आकाशीय बिजली गिरने या तूफान जैसी आने वाली आपदा के बारे में लोगों के मोबाइल पर सीधे संदेश भेजा जा सकेगा। समय रहते इस जानकारी के लिए लोगों को मौसम विभाग या जिला प्रशासन पर निर्भर नहीं रहना होगा। • भारत विश्व का छठा ऐसा देश, जिसके पास ऐसी प्रणाली होगी • आकाशीय बिजली, तूफान जैसी आपदाओं की जानकारी मिलेगी 'हिन्दुस्तान' को मिली जानकारी के मुताबिक फरवरी से पहले इसे देश भर में लॉन्च कर दिया जाएगा। अमेरिका, जर्मनी, इटली, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया के बाद भारत छठा ऐसा देश होगा जिसके पास ऐसी चेतावनी प्रणाली होगी । संचार मंत्रालय के अंतर्गत आने वाले सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ टेलीमेटिक्स यानि सी-डॉट के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर डॉक्टर राजकुमार उपाध्याय ने 'हिन्दुस्तान' को बताया कि उनके विभाग ने सूचना प्रौद्योगिकी पर आधारित अलर्ट सिस्टम तैयार किया है। इससे मौसम, आकाशीय बिजली, तूफान, कानून व्यवस्था, आग लगने और महामारी जैसी तमाम आपदाओं से जुड़ी जानकारी निश्चित इलाके के लोगों को सीधे एसएमएस और दूसरे संचार मध्यमों के जरिए देने का काम बड़ी आसानी हो जाएगा। सी डॉट की तरफ से तैयार तकनीक का कोरोना काल में संदेशों को भेजने में लिए इस्तेमाल परीक्षण के तौर पर किया गया था। पृथकवास केंद्रों के लोग इलाके से बाहर तो नहीं जा रहे हैं, इसका पता लगाया गया था। सफल रहा परीक्षण: देश के 35 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के एसडीएमए विभागों को इस तकनीक से जोड़ दिया गया है। अमरनाथ यात्रा, बाढ़, तूफान, दंगों के दौरान 75 करोड़ एसएमएस के जरिये लोगों को चेतावनी देने का परीक्षण सफलता पूर्वक पूरा कर लिया गया है। सिस्टम लॉन्च करने के लिए फरवरी की डेडलाइन मिली है।

31-08-2022

News image

एनडीएमए और सी-डॉट आपदा प्रबंधन और तैयारी के लिए सीएपी आधारित एकीकृत सार्वजनिक चेतावनी प्रणाली पर कार्यशाला आयोजित करेंगे

संचार मंत्रालय, भारत सरकार के दूरसंचार विभाग (डीओटी) का प्रमुख अनुसंधान एवं विकास केन्द्र,सी-डॉट (सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ टेलीमैटिक्स) और राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) कल यानी 31 अगस्त, 2022 को यहां कॉमन अलर्टिंग प्रोटोकॉल (सीएपी) आधारित इंटीग्रेटेड अलर्ट सिस्टम पर केन्द्रित सचेत नाम से एक अखिल भारतीय कार्यशाला का संयुक्त रूप से आयोजन कर रहे हैं। कार्यशाला का उद्देश्य पूरे भारत में संबंधित विभागों और विभिन्न आपदा प्रबंधन एजेंसियों को उनके अंतर्निहित मुद्दों और चुनौतियों पर चर्चा करने के लिए एक मंच प्रदान करना है और जाने-माने विशेषज्ञों और प्रौद्योगिकीविदों द्वारा व्यावहारिक चर्चा के बीच प्रभावी तरीके से इनका समाधान करने के लिए प्रौद्योगिकी-आधारित समाधान विकसित करना है। इस अवसर पर गृह मंत्रालय (एमएचए) में गृह सचिव आईएएस श्री अजय कुमार भल्ला मुख्य अतिथि के रूप में इस अवसर पर उपस्थित होंगे और डिजिटल संचार आयोग के अध्यक्ष और सचिव (दूरसंचार) श्री के. राजारमन विशिष्ट अतिथि होंगे। एनडीएमए, डीओटी, भारतीय रेलवे, भारतीय मेट्रोलॉजिकल विभाग (आईएमडी), केन्द्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी), भारतीय राष्ट्रीय महासागर सूचना सेवा केन्द्र (आईएनसीओआईएस), रक्षा भू-सूचना विज्ञान अनुसंधान प्रतिष्ठान (डीजीआरई), भारतीय वन सर्वेक्षण (एफएसआई), भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) और 36 राज्यों और केन्द्र शासित प्रदेशों के आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीएमए) सहित विभिन्न सरकारी विभागों के विभिन्न प्रतिष्ठित गणमान्य व्यक्ति और वक्ताकार्यशाला में भाग लेंगे और आपदा प्रबंधन और तैयारी से संबंधित विभिन्न समकालीन विषयों पर चर्चा करेंगे।

News image

सी-डॉट ने एंड-टू-एंड 5जी रेडियो एक्सेस नेटवर्क (आरएएन) उत्पादों और समाधानों के सहयोगात्मक विकास के लिए गैलोर नेटवर्क्स के साथ समझौते पर हस्ताक्षर किए

टेलीमेटिक्स विकास केंद्र (सी-डॉट) स्थानीय उद्योग और स्टार्ट-अप सहित स्वदेशी 5जी पारिस्थितिकी तंत्र के विभिन्न हितधारकों के साथ मजबूत साझेदारी बनाने के लिए उत्सुक है। सी-डॉट ने एक अच्छी तरह से समन्वित सहयोगी ढांचा विकसित करने पर बहुत जोर दिया है जो आउटपुट-संचालित और लक्ष्य-उन्मुख वातावरण में प्रमुख 5जी खिलाड़ियों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा के लिए कई 5जी भागीदारों का समर्थन करता है। 5जी के स्वदेशी विकास को बढ़ावा देने के अपने प्रयास को आगे बढ़ाते हुए, सी-डॉट और गैलोर नेटवर्क्स ने एंड-टू-एंड 5जी आरएएन उत्पादों और समाधानों के सहयोगी विकास के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। कई पारिस्थितिकी तंत्र भागीदारों के बीच तालमेल और सामंजस्य प्राप्त करने पर आधारित यह सहयोगी दृष्टिकोण पारस्परिक रूप से उत्पादक और टिकाऊ गठबंधनों के विकास की सुविधा प्रदान करेगा। यह एक उत्प्रेरक के रूप में कार्य करेगा जिसके परिणामस्वरूप लागत प्रभावी 5जी उत्पादों और समाधानों का स्वदेशी डिजाइन, विकास, विनिर्माण और तैनाती होगी। इससे भारतीय अनुसंधान एवं विकास तथा उद्योग की तकनीकी दक्षताएं और पूरक शक्तियां एक एकीकृत मंच पर आ जाएंगी, जिससे स्वदेशी बौद्धिक संपदा (आईपी) परिसंपत्तियों का सृजन होगा, जो वैश्विक स्तर पर घरेलू प्रौद्योगिकियों की व्यापक पहुंच और व्यावसायीकरण के लिए नए रास्ते खोल सकती हैं।

News image

केन्द्रीय मंत्रिमण्‍डल ने पैलेस डेस नेशन्स, जिनेवा स्थित संयुक्त राष्ट्र कार्यालय में उपयोग किए जाने वाले 'वे फाइंडिंग एप्लीकेशन' के संबंध में भारत और संयुक्त राष्ट्र के बीच एक समझौते को मंजूरी दी

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी की अध्‍यक्षता में केन्‍द्रीय मंत्रिमण्‍डल ने पैलेस डेस नेशन्स, जिनेवा स्थित संयुक्त राष्ट्र कार्यालय (यूएनओजी) में उपयोग किए जाने वाले 'वे फाइंडिंग एप्लीकेशन' के संबंध में भारत सरकार और संयुक्‍त राष्‍ट्र के बीच एक समझौते पर हस्‍ताक्षर करने के प्रस्‍ताव को मंजूरी दे दी है। इन इमारतों की जटिल संरचना और लोगों की भारी भागीदारी को ध्यान में रखते हुए, एक ऐसे दिशा सूचक एप्लीकेशन की जरूरत महसूस की गई जो आगंतुकों और अन्य प्रतिनिधियों को सभी सुरक्षा दृष्टिकोणों का पालन करते हुए परिसर के अंदर अपना रास्ता खोजने में मदद कर सके। इस परियोजना में यूएनएलजी के पैलेस डेस नेशन्स परिसर में दिशा सूचक सुविधा के लिए एक सॉफ्टवेयर-आधारित ‘वे फाइंडिंग एप्लीकेशन’ का विकास, उसकी तैनाती और उसका रखरखाव शामिल है। यह एप्लिकेशन यूएनओजी की पांच इमारतों में फैली 21 मंजिलों के भीतर उपयोगकर्ताओं को एक स्थान से दूसरे स्थान तक अपना रास्ता खोजने में समर्थ बनाएगा। यह ऐप इंटरनेट कनेक्शन से लैस एंड्रॉइड और आईओएस उपकरण में काम करेगा। इस ऐप के विकास का काम भारत सरकार के दूरसंचार विभाग (डीओटी) के एक स्वायत्त दूरसंचार अनुसंधान एवं विकास केंद्र, सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ़ टेलीमैटिक्स (सी-डॉट) को सौंपा गया है।

News image

सी-डॉट ने मिलकर 5जी ओपन रैन और अन्य उत्पादों के विकास के लिए वीवीडीएन टेक्नोलॉजिस प्रा. लि. और वाईसिग नेटवर्क्स प्रा. लि. के साथ समझौता किया

सी-डॉट दूरसंचार विभाग, संचार मंत्रालय, भारत सरकार का एक प्रतिष्ठित आरएंडडी केंद्र है। सी-डॉट ने 4जी समाधान सहित विभिन्न अत्याधुनिक दूरसंचार प्रौद्योगिकियां देश में ही तैयार की है और वह 5जी में काम करने के लिए काफी उत्सुक है। वाईसिग नेटवर्क्स प्राइवेट लिमिटेड ने 5जी मोबाइल कम्युनिकेशन उत्पादों और समाधानों सहित विभिन्न संचार समाधानों के विकास, विपणन और पेशकश के व्यवसाय से जुड़ा भावी स्टार्टअप है। वीवीडीएन टेक्नोलॉजिस प्राइवेट लिमिटेड 5जी, नेटवर्किंग एवं वाई-फाई, आईओटी और क्लाउड स्टोरेज सर्विसेज सहित विभिन्न प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में कार्यरत एक अग्रणी प्रोडक्ट इंजीनियरिंग और विनिर्माण कंपनी है। इस सहयोग का उद्देश्य 5जी उत्पादों और समाधानों का किफायती स्वदेशी डिजाइन, विकास, विनिर्माण और लागू करने के लिए एकजुट होकर भारतीय आरएंडडी और उद्योग की तकनीक दक्षताओं और पूरक क्षमताओं का दोहन करना है। इस जुड़ाव से स्वदेशी बौद्धिक संपदा को बढ़ाएगा और घरेलू 5जी उत्पादों और सॉल्यूशंस की व्यापक स्वीकार्यता और मुद्रीकरण के लिए नए रास्ते तैयार होंगे।

Chat with CIVA
Your Telecom Guide
CIVA